महाशिवरात्रि के दिन शिवलिंग पर क्या चढ़ाये और क्या नहीं

महाशिवरात्रि के दिन शिवलिंग पर क्या चढ़ाये और क्या नहीं, Maha Shivaratri Ke Din Shivaling Par Kya Chadhaen Aur Kya Nahin?

महाशिवरात्रि के दिन शिवलिंग पर क्या चढ़ाये

शिवलिंग पर क्या नहीं चढ़ाये

महाशिवरात्रि व्रत की कथा

महाशिवरात्रि कब है

वर्ष 2022 में महाशिवरात्रि का पर्व मंगलवार 01 मार्च को मनाया जाएगा. शिव भक्तों के लिए महाशिवरात्रि सबसे बड़ा दिन होता है. महाशिवरात्रि के दिन शिवलिंग पर कई प्रकार की चीजें अर्पित की जाती है. लेकिन कुछ चीजों को शिवलिंग पर नहीं चढ़ाया जाता. आइये जानते हैं ये चीजें कौन सी हैं और क्या कारण है जो शिवलिंग पर यह चीजें नहीं चढ़ाया जाती है.

शिवलिंग पर चढ़ाएं ये चीजें जिससे भगवान शिव होते है अतिप्रसन्न और मिलता है ये लाभ…

भगवान शिव को प्रसन्न करना बहुत ही आसान होता है क्योंकि उनका एक नाम भोले भी है। पौराणिक कथाओं राक्षस व देवता शिव की आराधना करते और भगवान शिव से मन चाहा वरदान प्राप्त करते थे। भगवान शिव के लिए सभी प्राणी समान है। भगवान शिव कोई भेद नहीं करते चाहे वह देवता या राक्षस। कई चीजों से शिवलिंग का अभिषेक किया जाता है जिनके अलग-अलग महत्व है। इनमें से कुछ चीजों को चढ़ाने से भगवान शिव जल्दी ही प्रसन्न हो जाते है आइए जानते है उन चीजों के बारे में और क्या लाभ मिलते यह इस प्रकार हैः-

  • कच्चे चावल – कच्चे चावल चढ़ाने से धन लाभ मिलता है।
  • गन्ने का रस – गन्ने का रस शिवलिंग पर चढ़ाने से होगी सभी सूखों की प्राप्ति।
  • घी – शिवलिंग पर घी चढ़ाने से शरीर में शक्ति बढ़ती है व ऊर्जा का संचार होता है ।
  • चंदन – शिवलिंग पर चंदन चढ़ाने से व्यक्तित्व आकर्षक होता है और समाज में मान-सम्मान की प्राप्ति होती है।
  • गेहूँ – गेहूँ चढ़ाने पर संतान सुख मिलता है।
  • दूध – शिवलिंग पर चढ़ाने से शरीर को मिलेगी रोगों से मुक्ति, अच्छा रहेगा स्वास्थ्य।
  • भांग – शिवलिंग पर भांग चढ़ाने पर हमारे विकार और बुराइयां दूर होती हैं।
  • दूर्वा घास (दुब)- शिवलिंग पर दूर्वा अर्पित करने से लंबी आयु का वरदान मिलता है।
  • इत्र – शिवजी पर इत्र चढ़ाने से मन पवित्र होता है।
  • केसर – शिवलिंग पर केसर अर्पित करने से दाम्पत्य जीवन सुखमय होता है
  • जल – जल चढ़ाने से व्यक्ति का स्वभाव शांत और स्नेहमय होता है
  • शहद – शहद चढ़ाने से जीवन में सुख व समृधि बढ़ती है, दरिद्रता चली जाती है और वाणी में मिठास आती है।
  • दही – शिवलिंग पर दही चढ़ाने से जीवन में आने वाली परेशानियां दूर होती है।
  • शमी के पत्ते (खेजड़ी) – शमी के पत्ते भगवान शिव को बहुत प्रिय है इस पत्ते को शिवलिंग पर चढ़ाने से सरे कष्ट दूर हो जाते है
  • अपामार्ग के पत्ते (चिरचिटा) – इस पत्ते को शिवलिंग पर चढ़ाने से संतान की प्राप्ति होती है
  • पीपल का पत्ता – पीपल का पत्ता भी भगवान शिव को बहुत प्रिय है यह आप उस स्थिति में चढ़ा सकते है जब आप के पास बील के पत्ते ना हो
  • बेलपत्र – शिवलिंग बेलपत्र चढ़ाने का एक अलग ही महत्त्व है बेलपत्र यह विष के प्रभाव को कम करता है और गर्मी भी दूर करता है जब भगवान शिव ने विष का पान किया था तब सभी देवताओ ने उनको बेलपत्र व जल चढ़ाया जो भगवान शिव को शीतल रखने में मदद करता है और तभी से बीलपत्र चढ़ाने की प्रथा शुरू हुई

शिवलिंग पर क्या नहीं चढ़ाये

  • तुलसी – कहा जाता है तुलसी का हिन्दू धर्म में एक विशेष महत्त्व है लेकिन भगवान शिव को यह नही चढ़ाया जाता है
  • तिल – शिवलिंग पर तिल को चढ़ाना भी वर्जित है कहा जाता है तिल भगवान विष्णु के मेल से निकला हुआ है इसलिए शिव पर अर्पित नही किया जाता |
  • टूटे हुए चावल या खंडित चावल – हिन्दू धर्म में टूटे हुए चावल को अर्पित करना अशुभ मना जाता है इसलिए इसे शिवलिंग पर नही चढ़ाया जाता
  • कुमकुम – कुमकुम महिलाएं अपने पति की लम्बी उम्र के लिए लगाती हैं। जैसा की हम जानते हैं कि भगवान शिव विध्वंसक के रूप में जाने जाते हैं इसलिए शिवलिंग पर कुमकुम नहीं चढ़ाया जाता है।
  • शंख-  भगवान शिव की पूजा – आराधना में कभी शंख का प्रयोग  करना निषेध है. क्योकि शंखचूड़ नामक एक असुर भगवान विष्णु का भक्त था । जिसका वध भगवान शिव ने किया था। यही कारण है कि शिव उपासना में शंख का इस्तेमाल नहीं होता।
  • केतकी का फूल – केतकी के फूल ने ब्रह्माजी के कहने पर शिव से झूठ बोला था यही कारण है कि केतकी के फूल को शिवलिंग पर नही चढ़ाया जाता और पूजा से वर्जित किया हुआ है

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *